विटामिन सी (अंगरेजी: Vitamin C), जेकरा के एस्कॉर्बिक एसिडएस्कार्बेट के नाँव से भी जानल जाला, एक किसिम के विटामिन हवे जे कई तरह के खानपान के चीजन में पावल जाला, मनुष्य आ अउरी कई किसिम के जीवधारी सभ के सेहत खातिर जरूरी होला। भोजन के अलावा ई अलगा से भी लिहल जा सके ला, दवाई के रूप में चाहे इंजेक्शन के रूप में। मुख्य रूप से मनुष्यन में एकरे कमी के चलते स्कर्वी रोग होला जेकरा से बचाव खातिर या एकरे इलाज में विटामिन सी दिहल जाला। विटामिन सी बहुत जरूरी पोषक तत्व हवे जे टिशू सभ के रिपेयर होखे में आ कुछ न्यूरोट्रांसमीटर सभ के एंजाइमिक निर्माण में जरूरी होला।

कुछ परमान अइसन मिलल बाड़ें कि एकरे लगातार सेवन से आम सर्दी-जोखाम के होखे पर जल्दी ठीक होखे में मदद मिले ला। हालाँकि ई सर्दी-जोखाम करे वाला इन्फेक्शन के रोके में मददगार ना होला। इहो बात अभिन ले निश्चित ना बाटे कि एकरे सेवन से कैंसर, दिल के बेमारी आ डिमेंशिया नियर बेमारी सभ के रोकथाम में मदद मिले ले की नाहीं।

आमतौर पर विटामिन सी के कम खोराक अलग से लिहले पर शरीर एकरा के बर्दाश्त क लेला। बहुत बेसी डोज में लिहले पर पेट के समस्या, कपार बथल, नींद ना आवे आ चमड़ा पर चकत्ता होखे के समस्या पैदा हो जाले। नार्मल खोराक में ई गरभ के समय में भी लिहल जा सके ला आ सुरक्षित होला।

विटामिन सी के खोज 1912 में भइल, 1928 में एकरा के पहिली बेर अलग कइल गइल आ 1933 में पहिली बेर एकरा के केमिकल तरीका से बनावल गइल। ई केमिकल तरीका से बनावल जाए वाला पहिला विटामिन रहल।